शिक्षा से छात्रों के नैतिक मूल्य और चरित्र को भी सुदृढ़ बनाने की आवश्यकता- ऋतु खंडूडी भूषण

शिक्षा से छात्रों के नैतिक मूल्य और चरित्र को भी सुदृढ़ बनाने की आवश्यकता- ऋतु खंडूडी भूषण

ऋषिकेश- हर व्यक्ति समाज का अभिन्न हिस्सा होता है। जब तक हम समाज में रहते हैं तब तक समाजसेवा के क्षेत्र में कार्य करना हम सभी का नैतिक दायित्व हैं। उक्त बातें आज उत्तराखंड विधानसभा अध्यक्ष ऋतु खंडूडी भूषण ने हरिद्वार में शिक्षाविद स्वo डॉ तेजवीर सिंह सैनी की प्रतिमा अनावरण कार्यक्रम के दौरान कही|

​ ​


धनौरी, हरिद्वार में स्थित हरि ओम सरस्वती कॉलेज में स्वo डॉ तेजवीर सिंह सैनी की प्रतिमा अनावरण कार्यक्रम का आयोजन किया गया, जिसमें बतौर मुख्य अतिथि उत्तराखंड विधानसभा अध्यक्ष ऋतु खंडूडी भूषण ने दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया साथ ही प्रतिमा का अनावरण करते हुए वार्षिक पत्रिका तेजस का विमोचन भी किया।बता दें की स्व डॉ. तेजवीर सिंह सैनी का संपूर्ण जीवन शिक्षा व सामजिक सेवा को समर्पित रहा, उन्होंने घाड क्षेत्र में बुनियादी व उच्च शिक्षा तथा बालिका विद्यालयों की स्थापना कर समाज के पिछड़े तबके को मुख्यधारा से जोडने का प्रयास किया।उन्होंने जिन उद्देश्यों को लेकर स्कूल की स्थापना की थी वह सार्थक साबित हुई क्षेत्र के लिए, संस्थाओं में बालिकाए व बालक अनवरत पठन पाठन का कार्य कर रहे है। इस अवसर पर विधानसभा अध्यक्ष ने स्वo डॉ तेजवीर सिंह सैनी जी को उनके द्वारा समाज कल्याण में किए गए कार्यों का स्मरण करते हुए अपनी श्रद्धांजलि अर्पित की| उन्होनें कहा की डॉ. तेजवीर सिंह सैनी के सपनों को आगे बढ़ाना ही उनके प्रति सच्ची श्रद्धांजलि होगी। विधानसभा अध्यक्ष ने कहा कि शिक्षा किसी भी देश के निर्माण की आधारशिला होती है। इसलिए शिक्षा ऐसी होनी चाहिए जो न केवल छात्रों में बौद्धिक क्षमता और कौशल का विकास करे बल्कि उनके नैतिक मूल्य और चरित्र को भी सुदृढ़ बनाये। विधानसभा अध्यक्ष ने कहा कि बच्चों को नैतिक शिक्षा का पाठ दिया जाना आज के दौर में अति आवश्यक है।नैतिक शिक्षा बच्चे में नैतिकता के गुणों का विकास करती है। बच्चों को संस्कारों से जोड़ती है। उन्हें उनके कर्तव्यों का ज्ञान कराती है। परिवार, समाज, समूह के नैतिक मूल्यों को स्वीकारना तथा सामाजिक रीति – रिवाजों, परम्पराओं व धर्मों का पालन करना सिखाती है। आचार्य महामंडलेश्वर श्री निरजंनी अखाडा, स्वामी कैलाशानंद गिरी जी महाराज ने कहा कि युवाओं के समक्ष कई क्षेत्रों में अवसर उपलब्ध हैं तथा भारत के युवाओ में इन अवसरों का लाभ उठाने की क्षमता है। हमें युवाओं की आकांक्षाओं को पूरा करने की जरूरत है, क्योंकि वे जीवन के विविध क्षेत्रों के भावी नेतृत्वकर्ता हैं।विधायक ममता राकेश ने कहा की शिक्षाविद स्वo डॉ तेजवीर सिंह सैनी द्वारा जलायी गयी शिक्षा की ज्योति ही आज क्षेत्र में प्रकाश पुंज बन शिक्षा का उजियाला फैला रही है। संस्थाओं के कई बच्चे आज शिक्षा के राष्ट्रीय फलक पर जगमगा रहे हैं। यह उनका शिक्षा के प्रति लगाव ही था जो आज प्रेरणा बन संस्थान के लोगों का मार्ग प्रशस्त कर रहा है। इस अवसर पर आचार्य महामंडलेश्वर श्री निरजंनी अखाडा, स्वामी कैलाशानंद गिरी जी महाराज, एस० फारूख ( हिमालया ड्रग्स), ममता राकेश ( विधायक), सुमन देवी, राजवीर सिंह, हर्ष सैनी, अदित्य सैनी, अंजना सैनी, फूल सिंह, डा० ऋषिपाल सैनी, महावीर सिंह, श्रमवीर सिंह , रणवीर सिंह, युगवीर सिंह, कुंवरपाल, धनीराम सैनी, सोमदत्त सैनी, संजीव सैनी, रोमन सैनी, अंकित सैनी, आजादवीर सहित अन्य लोग उपस्थित थे।

error: Content is protected !!
%d bloggers like this: