रो रहा है देश में आमजन,मुस्कुरा रही है मंहगाई!

रो रहा है देश में आमजन,मुस्कुरा रही है मंहगाई!

ऋषिकेश- रोटी, कपड़ा और मकान। ये तीनों आमजन की मूलभूत जरूरत हैं। तीन साल में इन पर बेतहाशा वृद्धि हुई है। हालात ये हैैं कि महंगाई मुस्कुरा रही है और आमजन रो रहा है।



सैर सपाटा महंगा हुआ है। सपनों के घर पर महंगाई की नजर है। बिल्‍डिंग मैटेरियल के दाम आसमान छू रहे हैं। बच्चों की पढ़ाई पर 25 से 40 प्रतिशत तक वृद्धि हुई है। शादी के परिधानों से लेकर कैटरिंग तक पर पैसा बढ़ा है। थीम डेकोरेशन का खर्च उठाना आमजन के बस की बात नहीं रही है। शाही अंदाज में शादी करने वाले लोग दुल्हा-दुल्हन की फरमाइश पर कैंची चला रहे हैं।अभी हाल में ही अपनी बेटी की शादी करने वाले ट्रासपोर्ट व्यवसायी मनमोहन सूदन ने बताया कि हर चीज में आसमान छूति मंहगाई के चलते उन्होंने बिटिया की शादी के लिए जो बजट बनाया था उसमें तकरीबन पच्चीस फीसदी पैसा उनका ज्यादा लग गया। रेडीमेड गारमेंट का शोरूम चलाने वाले हर्षित गुप्ता ने बताया कि ब्रांडेड कपड़ों पर 20 से 25 प्रतिशत तक पैसा बढ़ा है। कंपनियों ने एमआरपी भी बढ़ाई है।इससे एक सामान्य शादी के परिधानों पर 25 से 50 हजार तक बजट बढ़ा है।पंजाबी महासभा के उपाध्यक्ष राजीव खुराना का कहना है कि कोरोना काल में बच्चों के लिए डिजिटल क्रांति आई। आनलाइन क्लास के चलते बच्चे किताबों से दूर रहे। महामारी के बादल छंटने लगे तो स्कूल खुले। नौनिहाल स्कूल जा रहे हैं। इस बीच बच्चों की ड्रेस से लेकर ट्रांसपोर्टेशन तक पर 25 से 30 प्रतिशत तक की वृद्धि हुई है। स्टेशनरी से लेकर बैग तक पर पैसा बढ़ा है। ड्रेस के जूता पर भी पैसा बढ़ गया है।

error: Content is protected !!
%d bloggers like this: